शरद पूर्णिमा 2026: खीर का महत्व, पूजा विधि और चंद्रमा की सोलह कलाएँ
शरद पूर्णिमा 2026 में 25 अक्टूबर को है। इस रात चंद्रमा अपनी सोलह कलाओं से पूर्ण होता है और खीर बनाकर चाँदनी में रखी…
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पूरा लेख पढ़ें →सर्व पितृ अमावस्या 2026 में शनिवार 10 अक्टूबर को है। यह पितृ पक्ष का अंतिम दिन है और उन सभी पितरों का श्राद्ध इसी…
पूरा लेख पढ़ें →पितृ पक्ष 2026 शनिवार 26 सितंबर से आरंभ होकर शनिवार 10 अक्टूबर को सर्व पितृ अमावस्या पर पूर्ण होगा। इन सोलह दिनों में पूर्वजों…
पूरा लेख पढ़ें →शनिवार का व्रत शनि देव और हनुमान जी को समर्पित है तथा साढ़ेसाती, ढैय्या और शनि की पीड़ा शांत करने के लिए रखा जाता…
पूरा लेख पढ़ें →रविवार का व्रत भगवान सूर्य को समर्पित है और आरोग्य, यश तथा आत्मबल के लिए रखा जाता है। इस दिन सूर्योदय के समय ताँबे…
पूरा लेख पढ़ें →सोमवार का व्रत भगवान शिव को समर्पित है और मनचाहा वर तथा सुखी दांपत्य जीवन के लिए रखा जाता है। व्रती प्रातः स्नान कर…
पूरा लेख पढ़ें →मंगलवार का व्रत हनुमान जी को समर्पित है और साहस, बल तथा संकटों से मुक्ति के लिए रखा जाता है। इस दिन लाल वस्त्र…
पूरा लेख पढ़ें →बुधवार का व्रत भगवान गणेश और बुध ग्रह को समर्पित है। यह व्यापार, बुद्धि, शिक्षा और वाणी से जुड़ी बाधाओं के निवारण हेतु रखा…
पूरा लेख पढ़ें →गुरुवार का व्रत बृहस्पति देव और भगवान विष्णु को समर्पित है, और विवाह में विलंब, संतान सुख तथा धन-वृद्धि के लिए रखा जाता है।…
पूरा लेख पढ़ें →शुक्रवार का व्रत माँ लक्ष्मी, संतोषी माता और वैभव लक्ष्मी को समर्पित है तथा धन, सुख-समृद्धि और गृहस्थ सुख के लिए रखा जाता है।…
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